मिल गए मुकुल शिवपुत्र। होशंगाबाद रेलवे स्टेशन से इन्हें लगभग उसी तरह नशे की हालत में पहचाना गया जैसा पिछले दिनों भोपाल में देखा गया था। अखबार में खबर छपने के बाद वे वहां से चले गए थे। उनके दोस्त, मीडिया और सरकारी अधिकारी सभी उन्हें ढूंढने में लगे थे। ब्लॉग्स पर भी मुकुल की इस हालत के बाद लोगों की बेचैनी जाहिर हुई। संतोष की बात है कि वे मिल गए और उनके दोस्त अब उन्हें अपने साथ भोपाल ले आए हैं। मुकुल को वास्तव में बहुत सारे अपनेपन, भावनात्मक सहारे और मेडिकल हेल्प की ज़रूरत है। कुमार गंधर्व के बेटे और खु़द बेहद काबिल गायक के बारे में अब कभी ऐसी खबर न मिले और वे जल्दी ही इस स्थिति से उबरकर संगीत यात्रा को आगे बढ़ाएं ऐसी दुआ है।
जानकारी दैनिक भास्कर से साभार।
Showing posts with label kumar gandharva. Show all posts
Showing posts with label kumar gandharva. Show all posts
Wednesday, May 13, 2009
Subscribe to:
Posts (Atom)